चुनाव की ड्यूटी के लिए जा रहे जिला पुलिस बल के जवान की गिरिडीह में मौत
मेंस एसोसिशन ने वरीय अधिकारी पर लगाया लापरवाही का आरोप
गिरिडीह: गिरिडीह जिला पुलिस बल में कार्यरत पुलिस जवान संतोष सिंह की मौत शुक्रवार को बीमारी के कारण हो गया। लेकिन मृतक जवान की मौत के मामले में पुलिस मेंस एसोसिशन ने जिले के वरीय अधिकारी की लापरवाही का आरोप भी लगाया है। एसोसिशन का कहना था की संतोष को सदर अस्पताल लाने के लिए सार्जेंट मेजर राकेश रंजन को कई बार कॉल कर एंबुलेंस भेजने को कहा गया। लेकिन सार्जेंट मेजर राकेश रंजन ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। जिसे सदर अस्पताल में इलाज के दौरान जवान संतोष सिंह की मौत हो गई। क्योंकि बीमारी से ग्रसित जवान को 108 एंबुलेंस से जब तक सदर अस्पताल भेजा गया। और सदर अस्पताल के आईसीयू वार्ड में भर्ती किया गया। तो डॉक्टर ने इलाज के दौरान रेफर करने का सुझाव दिया। इस दौरान रेफर की प्रक्रिया किया जा रहा था, की जवान की मौत हो गई। इधर जिला पुलिस बल में कार्यकृत जवान की मौत से मृतक की पत्नी अर्चना कुमारी का रो रो कर बुरा हाल था।
जानकारी के अनुशार जवान संतोष सिंह बिहार के वैशाली जिले के रहने वाले थे, और कई महीने से उनका पोस्टिंग गिरिडीह में ही था। मृतक जवान को शुक्रवार को गिरिडीह में होने वाले पहले चरण के चुनाव की ड्यूटी के लिए भी जाना था। और ड्यूटी के लिए जवान का प्रतिनियुक्ति का कमान भी कट चुका था। लिहाजा, संतोष जाने की तैयारी कर ही रहा था, की सुबह में अचानक उसे चक्कर आने के साथ नाक के खून बहना शुरू हो गया। इस दौरान जवान की पत्नी अर्चना कुमारी ने काल कर इसकी जानकारी मेंस एसोसिशन के अधिकारी को दिया। तो उसका साथी जवान संतोष सिंह भी पहुंचे। और सार्जेंट मेजर को फोन कर एंबुलेंस भेजने को कहा। लेकिन कई बार कॉल करने के बाद भी जब एंबुलेंस नही आया। तो 108 को कॉल कर बुलाया गया। और इलाज के लिए सदर अस्पताल भेजा गया। जहा इलाज के क्रम में जवान की मौत हो गई।










