स्वास्थ्य योजना का दायरा बढ़ा, 64 लाख लाभुकों को सीधा लाभ
झारखंड सरकार ने राज्य के मरीजों को बड़ी राहत देते हुए मुफ्त इलाज की सीमा बढ़ाकर 15 लाख रुपये कर दी है। यह सुविधा आयुष्मान भारत और मुख्यमंत्री अबुआ स्वास्थ्य सुरक्षा योजना को मिलाकर प्रदान की जाएगी। गुरुवार को होटल बीएनआर में आयोजित स्वास्थ्य विभाग के कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने यह महत्वपूर्ण घोषणा की।
मंत्री ने बताया कि अब लाभार्थियों को 5 लाख रुपये आयुष्मान भारत से और 10 लाख रुपये मुख्यमंत्री अबुआ योजना के तहत मिलेंगे, जो एक संयुक्त सीमा के रूप में उपयोग होंगे। इस निर्णय से राज्य के 64 लाख पंजीकृत लाभार्थियों को इलाज में आर्थिक सुरक्षा मिलेगी।
डिजिटल कार्ड से इलाज होगा और आसान
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि जल्द ही सभी लाभुकों को डिजिटल हेल्थ कार्ड उपलब्ध कराए जाएंगे। इससे—
अस्पतालों में एडमिशन प्रक्रिया तेज होगी
उपचार में पारदर्शिता बढ़ेगी
मरीजों को कागजी झंझटों से राहत मिलेगी
सरकार का उद्देश्य है कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाएं सरल, सुलभ और विश्वसनीय बनें।
निजी अस्पतालों को कड़ी चेतावनी
कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने निजी अस्पतालों को सख्त संदेश देते हुए कहा कि—
“मरीज की मौत के बाद शव रोकना अपराध है”
उन्होंने साफ किया कि यदि कोई अस्पताल ऐसा करता पाया गया, तो उसे सील कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने कहा कि अस्पताल मानव सेवा केंद्र हैं, न कि केवल व्यवसाय चलाने का माध्यम। सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि मरीजों के साथ किसी प्रकार का शोषण न हो।
जनता को मिलेगी बड़ी राहत
इस फैसले से झारखंड में गंभीर बीमारियों से जूझ रहे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़ा सहारा मिलेगा। सरकार का दावा है कि बढ़ी हुई सीमा से मरीजों को बेहतर अस्पताल और उन्नत इलाज उपलब्ध होगा।
यह योजना क्यों है महत्वपूर्ण?
आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़ी राहत
महंगे इलाज की चिंता खत्म
तकनीक आधारित पारदर्शी प्रक्रिया
निजी अस्पतालों पर नियंत्रण और जवाबदेही
राज्य सरकार का यह कदम झारखंड में स्वास्थ्य सुरक्षा को नई दिशा देने वाला साबित हो सकता है। 15 लाख रुपये तक मुफ्त इलाज की सुविधा लाखों परिवारों के लिए उम्मीद की नई किरण है।












