मारपीट का डर दिखाकर उतरवाए सोने के गहने, पुड़िया बदलकर बाइक से फरार हुए चार अपराधी
गिरिडीह: मुफस्सिल थाना क्षेत्र के सिहोडीह में चार बाइक सवार अपराधियों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर एक महिला से करीब साढ़े तीन लाख रुपये के सोने के जेवरात ठग लिए। अपराधियों ने महिला को इलाके में हुई मारपीट की घटना का डर दिखाया और सुरक्षा के नाम पर उसके गहने उतरवा लिए। इसके बाद कागज की पुड़िया बदलकर असली जेवरात लेकर चारों अपराधी बाइक से फरार हो गए।
पूजा का सामान लेने निकली थी महिला, रास्ते में शुरू हुई रेकी
बाइक सवार चार लोगों ने महिला को बनाया निशाना
पीड़िता सीमा देवी, मुफस्सिल थाना क्षेत्र के सिहोडीह की रहने वाली हैं। उन्होंने बताया कि वह घर से पूजा का सामान खरीदने के लिए पास की दुकान की ओर जा रही थीं। इसी दौरान बाइक सवार चार लोगों ने उनकी रेकी शुरू कर दी।
अपराधियों ने पहले महिला को आवाज देकर रोकने की कोशिश की। जब महिला ने आवाज नहीं सुनी तो उनमें से एक व्यक्ति उसके पास पहुंचा और उसे अपने साथियों के पास ले गया।
खुद को बताया मुफस्सिल थाना का पुलिसकर्मी
चारों आरोपियों ने महिला से खुद को मुफस्सिल थाना से आया पुलिसकर्मी बताया। उन्होंने महिला से कहा कि इलाके में मारपीट की घटना हुई है और ऐसे में सोने के जेवर पहनकर घूमना सुरक्षित नहीं है।
अपराधियों ने महिला को जेवर उतारकर सुरक्षित रखने की सलाह दी। उनकी बातों और डराने-धमकाने से महिला उनके झांसे में आ गई और उसने अपने सोने के जेवर उतारकर उन्हें दे दिए।
कागज की पुड़िया में जेवर रखने का किया नाटक
नजर हटते ही बदल दी असली पुड़िया
जेवर मिलने के बाद अपराधियों ने उन्हें कागज में लपेटकर सुरक्षित रखने का नाटक किया। इसी दौरान जब महिला का ध्यान दूसरी तरफ गया, आरोपियों ने असली जेवरात वाली पुड़िया बदल दी।
इसके बाद महिला को दूसरी कागज की पुड़िया थमा दी गई। कुछ देर बाद जब सीमा देवी को अपने साथ हुई ठगी का एहसास हुआ, तब तक चारों आरोपी बाइक से मौके से फरार हो चुके थे।
CCTV फुटेज में कैद हुई अपराधियों की गतिविधियां
रेकी से लेकर ठगी तक की जांच में जुटी पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही मुफस्सिल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले हैं।
पुलिस के अनुसार, कई स्थानों के CCTV फुटेज में आरोपियों की गतिविधियां दिखाई दे रही हैं। फुटेज के आधार पर पुलिस अपराधियों की पहचान करने का प्रयास कर रही है। साथ ही उनके आने-जाने के रास्ते और इस्तेमाल की गई बाइक की भी जांच की जा रही है।
अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए जांच तेज
मुफस्सिल पुलिस अब CCTV फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर चारों आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है। घटना के बाद इलाके में लोगों से सतर्क रहने की अपील भी की जा रही है। पुलिस बनकर लोगों को डराने और जेवरात उतरवाने वाले ठगों से सावधान रहने की जरूरत है।
पुलिस बनकर ठगी का बढ़ता खतरा
इस घटना ने एक बार फिर लोगों को ऐसे अपराधियों से सतर्क रहने का संदेश दिया है। किसी भी व्यक्ति के पुलिसकर्मी होने का दावा करने पर बिना पुष्टि के अपने गहने या कीमती सामान उसके हवाले नहीं करना चाहिए। संदेह होने पर तत्काल स्थानीय पुलिस से संपर्क करना सुरक्षित विकल्प है।






